नव-पदस्थ कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया से वनांचल समाचार प्राइड संवाददाता की सार्थक चर्चा: नर्मदा मैया का स्मृति चिन्ह भेंट

डिंडोरी। जिले की नव-पदस्थ कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कार्यभार ग्रहण करने के बाद शुक्रवार को डिंडोरी के प्रमुख मीडिया प्रतिनिधि, वनांचल समाचार संवाददाता खामोद चंदेल से एक औपचारिक बैठक की। बैठक की शुरुआत में, संवाददाता चंदेल ने जिले की पवित्र जीवनदायिनी नदी माँ नर्मदा मैया का एक स्मृति चिन्ह (मोमेंटो) भेंट कर नई कलेक्टर का स्वागत किया और उन्हें शुभकामनाएं दीं। इस भावपूर्ण स्वागत के बाद, खामोद चंदेल ने जिले से जुड़े कई महत्वपूर्ण जनहितैषी मुद्दों को कलेक्टर के समक्ष उठाया।
संवाददाता ने उठाए प्रमुख जनहितैषी मुद्दे
संवाददाता खामोद चंदेल ने कलेक्टर के सामने जिले की विभिन्न समस्याओं को प्रमुखता से रखा, जिनमें मुख्य रूप से:
शिक्षा व्यवस्था और छात्रावास: शिक्षा प्रणाली की गिरती गुणवत्ता और आदिवासी छात्रों के लिए बने जनजातीय छात्रावासों के कुप्रबंधन पर ध्यान आकर्षित किया गया।
चिकित्सा सेवाओं में कमी: प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में चिकित्सा सेवाओं में दवाइयों की भारी कमी का मुद्दा उठाया गया, जिससे ग्रामीण नागरिकों को समय पर इलाज नहीं मिल पा रहा है।
सीवर लाइन का अधूरा कार्य: शहर के ड्रेनेज और अपशिष्ट जल प्रबंधन के लिए वर्षों पहले शुरू की गई सीवर लाइन परियोजना का अधूरा होना नागरिकों के लिए पीड़ा का कारण बन गया है।
किसानों की ई-उपार्जन समस्या: अन्नदाता किसान ई-उपार्जन पोर्टल पर पंजीकरण न होने के कारण परेशान हैं, क्योंकि पोर्टल राज्य सरकार के निर्देशों के अनुरूप कार्य नहीं कर रहा है।

25 वर्षों के अनुभव और ठोस कार्रवाई का आश्वासन
सभी मुद्दों को ध्यानपूर्वक सुनने के बाद, कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने सकारात्मक प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने आश्वस्त किया कि वह अपने 25 वर्षों के प्रशासनिक अनुभव का उपयोग करते हुए, इन समस्याओं का ठोस समाधान निकालेंगी।
कलेक्टर ने बताया कि वह 8 अक्टूबर के बाद, जब उनकी कलेक्टर-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस समाप्त हो जाएगी और जिले का दौरा तथा अधिकारियों के साथ बैठक हो जाएगी, तब पुनः वस्तुस्थिति की जानकारी साझा करेंगी।
कलेक्टर ने अपने प्रशासनिक अनुभव की जानकारी साझा करते हुए बताया कि वह पूर्व में सीईओ जिला पंचायत रायसेन, एसडीएम भोपाल, एसडीएम हुजूर, माध्यमिक शिक्षा मंडल में सचिव, विश्व बैंक परियोजना में 5 साल, एडीएम विदिशा और एमपीएसईडीसी में सीजीएम जैसे महत्वपूर्ण पदों पर कार्य कर चुकी हैं।
उन्होंने संवाददाता से अपील की कि वह जिले के विकास और जनहित से जुड़े ऐसे महत्वपूर्ण मुद्दों को बेझिझक उनके संज्ञान में लाते रहें। उन्होंने कहा, “मैं हमेशा आप सभी के लिए सुलभ रहूँगी और जिले की समस्याओं के निवारण के लिए प्रतिबद्ध हूँ।”
नव-पदस्थ कलेक्टर का यह सहयोगात्मक और अनुभवी रुख जिले के प्रशासनिक और मीडिया जगत के बीच एक बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में एक सार्थक पहल माना जा रहा है।