फैक्ट्री स्टेट श्रीरामलीला मंचन समिति 2026

0 20

भ्रामक खबरों को लेकर सचिव ए.के. व्यास ने रखा समिति का पक्ष

 

पूर्व कलाकारों के आरोपों पर बोले—बैठक के लिए कई बार दी गई सूचना, समाधान के लिए नहीं पहुंचे संबंधित लोग

 

 

मुबारक अली संवाददाता

शाहजहांपुर। महानगर की प्रसिद्ध फैक्ट्री स्टेट श्रीरामलीला को लेकर सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों पर चल रही कथित भ्रामक खबरों के बीच श्रीरामलीला मंचन संयोजन समिति के सचिव ए.के. व्यास ने समिति का पक्ष रखा है। उन्होंने पूर्व कलाकारों की ओर से लगाए गए आरोपों को लेकर कहा कि किसी भी कलाकार को द्वेषवश समिति से बाहर नहीं किया गया है।

 

ए.के. व्यास के अनुसार, पूर्व कलाकारों की ओर से कुछ कलाकारों को बिना ठोस कारण हटाए जाने के आरोप लगाए गए थे। इस संबंध में समिति के पदाधिकारियों ने संबंधित कलाकारों से कई बार संपर्क किया और फोन व व्हाट्सएप के माध्यम से बैठक में शामिल होकर अपनी बात रखने के लिए सूचना दी। समिति का उद्देश्य बातचीत के माध्यम से मतभेदों का समाधान निकालना और इच्छुक कलाकारों को दोबारा टीम में शामिल करने पर विचार करना था।

 

उन्होंने कहा कि समिति की ओर से बुलाए जाने के बावजूद संबंधित लोग बैठक में उपस्थित नहीं हुए, जिसके चलते बातचीत के माध्यम से समाधान निकालने का प्रयास आगे नहीं बढ़ सका। उन्होंने कहा कि केवल आरोपों के आधार पर पूरी स्थिति को सही मानना उचित नहीं है।

 

सचिव ने कहा कि परिवर्तन सृष्टि का नियम है और रामलीला मंचन में कलाकारों तथा पात्रों की भूमिकाओं में बदलाव पहले भी होते रहे हैं। इसे किसी व्यक्ति के प्रति द्वेष या दुर्भावना से जोड़ना उचित नहीं है। उन्होंने रामलीला से जुड़े लोगों से अपील की कि किसी भी विवाद या भ्रम को सार्वजनिक करने से पहले समिति के पदाधिकारियों से बातचीत कर वास्तविक स्थिति की जानकारी लें।

 

इस अवसर पर सचिव ए.के. व्यास, सचिव देवेश दीक्षित, संयुक्त सचिव अजय सक्सेना, निर्देशक अंकित सक्सेना, श्रीरामलीला एवं प्रदर्शनी समिति के सचिव बलवीर, राम मोहन अग्निहोत्री, प्रदीप अग्निहोत्री, महेंद्र दीक्षित, पैट्रिक दास और यशपाल कुकरेजा मौजूद रहे।

Web TV

अगली ख़बर

Leave a comment