सीधी में अवैध क्लीनिकों पर छापा मार कार्यवाही
बिना पंजीयन संचालित मिले दो क्लीनिक, स्वास्थ्य विभाग ने शटर पर चस्पा किया नोटिस

सीधी, 10 सितम्बर 2026। कलेक्टर विकास मिश्रा के निर्देश पर जिले में बिना पंजीयन संचालित निजी क्लीनिकों के विरुद्ध स्वास्थ्य विभाग का सघन जांच अभियान जारी है। इसी क्रम में गुरुवार को कुचवाही में गणेश मंदिर के सामने संचालित दो निजी क्लीनिकों की औचक जांच की गई। जांच के दौरान दोनों क्लीनिक बिना वैध पंजीयन के संचालित पाए गए।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अशोक कुमार खरे के मार्गदर्शन में नोडल अधिकारी डॉ. नागेन्द्र बिहारी दुबे एवं लिपिक प्रकाश कुमार पांडे की टीम ने कुचवाही पहुंचकर क्लीनिकों का निरीक्षण किया। जांच के दौरान गोल्डर क्लीनिक तथा दीपायन विश्वास पिता शैलेन्द्र विश्वास द्वारा संचालित क्लीनिक के संबंध में कोई वैध पंजीयन, ऑनलाइन आवेदन अथवा अनुज्ञा प्रमाण पत्र नहीं पाया गया।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने दोनों क्लीनिकों का संचालन तत्काल बंद कराते हुए उनके शटर पर नोटिस चस्पा किया। संचालकों को तीन दिवस के भीतर एमपी ऑनलाइन के माध्यम से पंजीयन कराने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही पंजीयन प्रक्रिया पूरी होने तक क्लीनिक का संचालन पूरी तरह बंद रखने को कहा गया है।
विभाग ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि आदेश का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित संचालकों के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। यह कार्रवाई मध्यप्रदेश उपचार्य गृह तथा रूजोपचार संस्थाएं (रजिस्ट्रीकरण तथा अनुज्ञापन) अधिनियम 1973, नियम 1997 एवं नवीन नियम 2023 के प्रावधानों के तहत की गई है।
सीएमएचओ डॉ. अशोक कुमार खरे ने बताया कि शिकायत के आधार पर कार्रवाई की गई है। जिले में बिना पंजीयन किसी भी निजी क्लीनिक, नर्सिंग होम अथवा पैथोलॉजी का संचालन नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि मरीजों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि जिले के सभी विकासखंडों में अवैध स्वास्थ्य संस्थानों के विरुद्ध जांच अभियान लगातार जारी रहेगा। बिना डिग्री, बिना पंजीयन अथवा निर्धारित मानकों का पालन किए संचालित संस्थानों को चिन्हित कर नियमानुसार सीलिंग और एफआईआर सहित कठोर कार्रवाई की जाएगी।