बड़े व्यापार को छूट ,गोमटियां हटाने तक सिमटी कार्रवाई – नगर पालिका अतिक्रमण हटाओ मुहिम में पक्षपात का आरोप

सीधी।इन दिनों शहर में नगर पालिका परिषद द्वारा अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया जा रहा है। व्यापारियों ने इस मुहिम के दौरान अतिक्रमण हटाओ दस्ते द्वारा पक्षपात पूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाया गया है , लिहाजा छोटे व्यापारियों में काफी आक्रोश है।
इन दिनों नगर पालिका परिषद द्वारा मुहिम चलाकर अतिक्रमण हटाया जा रहा है, लेकिन शहर में चौक चौराहों पर हटाए गए अतिक्रमण में देखा जा रहा है कि ठेले या गोमटियों को लक्ष्य बनाकर अतिक्रमण हटाया गया है। मुहिम में पक्षपात पूर्ण कार्रवाई में केवल कुछ दुकानों या व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया जाता है, जबकि अन्य समान अतिक्रमण को नजरअंदाज कर दिया जाता है।
जबकि वर्षों से सड़क पर अतिक्रमण कर लाखों का व्यापार करने वाले बड़े व्यापारियों के विरुद्ध अतिक्रमण की कोई कार्यवाही नहीं की गई है जिससे छोटे-छोटे व्यापारियों में असंतोष और आक्रोश पनप रहा है।
दरअसल कलेक्ट्रेट चौक पर अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत चंद गोमटियों को हटाकर अभियान पूर्ण कर लिया गया, लेकिन चौक की सड़क पर पिछले 8-10 वर्ष से छोटे फलदार पौधों के विक्रय का व्यापार चल रहा है।सड़क पर यह व्यापार करीब 1000 वर्ग फिट में फैला हुआ है ,जहां हर दिन सैकड़ों पौधों की बिक्री कर व्यापारी द्वारा हजारों रुपए प्रति दिन की कमाई की जा रही है। वहां पर खरीदारी करने वाले लोग अपने दो पहिया, तीन पहिया व चार पहिया वाहनों को सड़क पर खड़े कर यातायात को प्रभावित करते रहते हैं । बावजूद इसके नगर पालिका परिषद के अतिक्रमण हटाओ दस्ते को यह व्यापार अतिक्रमण नजर नहीं आता। लोगों का आरोप है कि नगर पालिका अधिकारियों कर्मचारियों से इन व्यवसाइयों के साथ सांठ-गांठ हो सकते हैं, जिसके कारण वे उन्हें अतिक्रमण हटाओ अभियान से बचाते रहे हैं।