व्यवसायिक शिक्षा ट्रेड-कृषि में अध्ययन कर रहे छात्र – छात्रों को दिया गया जैविक खेती का प्रशिक्षण,

जिला ब्यूरो मनोज कुमार यादव कि रिपोर्ट,
दिनांक:- 25 जुलाई 2025,
गौवंश आधारित जैविक/प्राकृतिक खेती करने पर भूमि, पर्यावरण व स्वास्थ्य मे सुधार होगा – बिहारी लाल साहू,
डिण्डौरी :- शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय करौंदी में व्यावसायिक शिक्षा, विशेष रूप से कृषि क्षेत्र में, गौवंश आधारित जैविक/प्राकृतिक खेती पर छात्र – छात्राओं को विशिष्ट कौशल और ज्ञान प्रदान करने के लिए महत्वपूर्ण है
जो उन्हें भविष्य में रोजगार के लिए तैयार करते हैं, यह शिक्षा छात्रों को न केवल पारंपरिक कृषि कार्यों में बल्कि कृषि व्यवसाय और आधुनिक कृषि तकनीकों मे भी कौशल प्रदान करती है।
नर्मदांचल गौ सेवा समिति के अध्यक्ष व जैविक कृषि विशेषज्ञ बिहारी लाल साहू ने व्यावसायिक शिक्षा कृषि पर गौवंश आधारित जैविक/प्राकृतिक खेती पर पढ़ाई के साथ- साथ छात्र – छात्राओं को खेती से जोड़कर स्वरोजगार बनाने के आशय से प्रशिक्षण दिया गया।
आपको बता दे की जिला डिण्डोरी आदिवासी बाहुल्य जिला है यहाँ की आबादी खेती में निर्भर है
यदि खेती को वैज्ञानिक तरीके से किया जाए तो मृदा, पर्यावरण व स्वास्थ्य में सुधार होगा । जीवन हर घर खुशहाल रहेगा ।
इन सब में सबसे महत्त्वपूर्ण जैविक खेती का है जैविक कृषि विशेषज्ञ बिहारी लाल साहू ने आज विद्यार्थीयों को केंचुआ का परिचय,केंचुआ खाद,बीजोपचार जीवामृत,अग्नि अस्त्र,आदि के बारे मे विस्तृत जानकारी दिया ।
इस प्रशिक्षण अन्तर्गत विद्यालय के प्राचार्य शिवचरण सिंह आर्मो व्यवसायिक शिक्षक श्याम साहू, जैविक कृषि विशेषज्ञ बिहारी लाल साहू एवं समस्त विद्यालय के स्टाफ सहित व्यावसायिक शिक्षा ट्रेड कृषि के 80 छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।