कश्मीरी विस्थापितों को वापस मिलेगी उनकी पुश्तैनी जायदाद, सरकार ने उठाया यह बड़ा कदम

नई दिल्ली । पिछली सदी के आखिरी दशक में आतंकी हिंसा के कारण मजबूर होकर घाटी छोड़कर जाने वाले विस्थापित कश्मीरियों को उनकी पुश्तैनी जायदाद अब वापस मिल सकेगी। जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने इसके लिए नए सिरे से कोशिश शुरू कर दी है। इसके तहत एक शिकायत पोर्टल तैयार किया गया है। इस पर देश-विदेश में कहीं भी रहने वाले विस्थापित कश्मीरी अपनी जायदाद के कब्जे या जबरन सस्ते दामों में खरीद लिए जाने की शिकायत दर्ज करा सकेंगे। शिकायत की जांच के बाद एक तय समय सीमा के भीतर उनकी जायदाद वापस कराई जाएगी।
सरकार ने उठाया बीड़ा
मामले से जुड़े एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि आतंकी धमकियों के कारण जब लाखों कश्मीरियों को घर-बार छोड़कर भागने को मजबूर होना पड़ा तो उनकी संपत्तियों को सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी सरकार की थी लेकिन सरकार इसमें विफल रही। उनके मकान, दुकान व अचल संपत्तियों पर कब्जा कर लिया गया। बाद में विस्थापितों को डरा-धमकाकर औने-पौने दामों में उन संपत्तियों को खरीद लिया गया। वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि अब सरकार ने विस्थापितों की ऐसी अचल संपत्तियों को वापस कराने का बीड़ा उठाया है।