जदयू ने की जहानाबाद में फरक्का जल संधि को लेकर प्रेस वार्ता 

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जहानाबाद ! जिला जनता दल (यू.) कार्यालय के कर्पूरी सभागार में फरक्का जल संधि के संदर्भ में आयोजित ‘नीतीश संवाद’ को लेकर एक महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता का किया गया आयोजन ! जहां इस प्रेस वार्ता में फरक्का जल संधि, बिहार के हितों, जल संसाधनों तथा जनहित से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। इस अवसर पर जहानाबाद जिला जद (यू.) अध्यक्ष प्रो. सुशील कुमार सिन्हा, प्रदेश महासचिव श्री राजीव नयन उर्फ राजू सिंह, जिला बीस सूत्री उपाध्यक्ष श्री दिलीप कुशवाहा, वरिष्ठ नेता श्री जयप्रकाश चंद्रवंशी वरिष्ठ नेता सह जिला उपाध्यक्ष श्री नरेंद्र किशोर, जिला उपाध्यक्ष श्री संजय सिंह वरिष्ठ नेता डॉक्टर इकबाल अहमद सहित पार्टी के अनेक वरिष्ठ नेता एवं पदाधिकारी मौके पर मौजूद थे! जबकि कार्यक्रम में,वरिष्ठ नेता शंभूनाथ शर्मा,जिला महासचिव मुरारी यादव, मनोज चंद्रवंशी, मधेश्वर यादव, प्रेम कुमार पप्पू, कार्यालय प्रभारी शंकर देव वर्मा, राजकुमार जी, बैजू जी, अशोक जी, कल्पनाथ पटेल, पप्पू डांगी, विनय कुमार विद्यार्थी, राजेश शर्मा, मनीष शर्मा, अरविन्द कुमार, श्री अयोध्या प्रसाद निषाद ,तथा जिला प्रवक्ता श्री रजनीश कुमार बिकू सहित जिला एवं प्रखंड स्तर के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं अन्य वरिष्ठ साथी उपस्थित रहे। इस दौरान प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए घोसी के माननीय विधायक ऋतुराज कुमार ने फरक्का जल संधि के नवीनीकरण को लेकर बिहार के हितों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि फरक्का जल संधि के नवीनीकरण में बिहार के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए। संधि के नवीनीकरण से होने वाले संभावित लाभ और संभावित प्रतिकूल प्रभावों का व्यापक आकलन आवश्यक है।

उन्होंने कहा कि बिहार के लिए गंगा के जलप्रवाह, सिंचाई, कृषि, जल परिवहन तथा बाढ़ और जलजमाव जैसे मुद्दे अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। यदि संधि के नवीनीकरण के दौरान बिहार की आवश्यकताओं को पर्याप्त महत्व मिलता है, तो राज्य को जल संसाधनों के बेहतर प्रबंधन और किसानों के हित में लाभ मिल सकता है। वहीं, जदयू जिला अध्यक्ष प्रो. सुशील कुमार सिन्हा ने कहा कि फरक्का व्यवस्था से बिहार में गाद जमाव, नदी के जलप्रवाह में बदलाव तथा बाढ़ जैसी समस्याओं से जुड़े संभावित प्रभावों को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। इसलिए नवीनीकरण से पहले बिहार पर पड़ने वाले आर्थिक, पर्यावरणीय और सामाजिक प्रभावों का वैज्ञानिक एवं व्यापक अध्ययन किया जाना आवश्यक है।

वक्ताओं ने कहा कि फरक्का जल संधि से जुड़े विषय बिहार के हितों से सीधे जुड़े हुए हैं। आगे की व्यवस्था में बिहार की वर्तमान एवं भविष्य की जल आवश्यकताओं, किसानों के हित तथा राज्य के व्यापक हितों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए। प्रेस वार्ता में पूर्व मुख्यमंत्री एवं जनता दल (यू.) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में विकास, सुशासन और जनकल्याण के लिए किए गए कार्यों तथा राज्यहित से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर भी चर्चा की गई। इस अवसर पर पार्टी नेताओं ने कहा कि बिहार के हितों की रक्षा, किसानों एवं आम जनता के कल्याण तथा राज्य के समग्र विकास के प्रति जनता दल (यू.) की प्रतिबद्धता को बताया गया!

नवीन कुमार संवाददाता पटना बिहार

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