मिलेट्स मिशन- मोटे अनाज हैं पोषण, स्वास्थ्य और पर्यावरण का सशक्त आधार

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सीधी 01 जनवरी 2026
देशभर में पोषण सुरक्षा, कृषि विविधीकरण और किसानों की आय बढ़ाने के उद्देश्य से मिलेट्स मिशन संचालित किया जा रहा है। इसी कड़ी में सीधी जिले में भी मोटे अनाजों की खेती को प्रोत्साहित करने के लिए व्यापक प्रयास किए जा रहे हैं। बड़ी संख्या में किसानों ने प्राकृतिक खेती के अंतर्गत मोटे अनाज उगाने हेतु पंजीयन कराया है, जिससे जिले में टिकाऊ और पर्यावरण-अनुकूल कृषि को नई दिशा मिल रही है।

मोटे अनाज अन्य अनाजों की तुलना में अधिक पौष्टिक, सुपाच्य एवं स्वास्थ्यवर्धक होते हैं। इनमें प्रचुर मात्रा में फाइबर, प्रोटीन, विटामिन तथा आयरन, कैल्शियम जैसे आवश्यक खनिज तत्व पाए जाते हैं। मोटे अनाज प्राकृतिक रूप से ग्लूटेन फ्री होते हैं, जिससे यह मधुमेह, हृदय रोग और पाचन संबंधी समस्याओं से ग्रसित लोगों के लिए अत्यंत लाभकारी माने जाते हैं। कम पानी और कम लागत में तैयार होने वाली ये फसलें परंपरागत खेती पद्धतियों के लिए भी अत्यंत उपयुक्त हैं, जिससे मिट्टी के स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण में भी सहायता मिलती है।

इस संबंध में उप संचालक कृषि ने बताया कि सीधी जिला ही नहीं, बल्कि पूरे विंध्य क्षेत्र में लगभग 50 वर्ष पूर्व तक मोटे अनाजों की बड़े पैमाने पर खेती की जाती थी। कोदो, कुटकी, ज्वार, मक्का जैसे मोटे अनाज मेहनतकश वर्ग और ग्रामीण समाज का मुख्य आहार हुआ करते थे। कम वर्षा की स्थिति में भी इन फसलों की अच्छी पैदावार होती थी और इन्हें वर्षों तक बिना किसी रासायनिक दवा के सुरक्षित भंडारित किया जा सकता था।

उन्होंने बताया कि खेती के आधुनिकीकरण, अधिक उत्पादन की होड़ तथा रासायनिक उर्वरकों के बढ़ते उपयोग के कारण धीरे-धीरे मोटे अनाजों की खेती कम होती चली गई। यद्यपि इनका उत्पादन अपेक्षाकृत कम होता है, लेकिन इनकी पोषण क्षमता कहीं अधिक होती है। इसी कारण शासन द्वारा मिलेट्स मिशन के माध्यम से मोटे अनाजों की खेती को पुनः बढ़ावा दिया जा रहा है।

मिशन के तहत चावल एवं गेहूं के कुल कृषि आच्छादन में 20 प्रतिशत तक कमी कर उसके स्थान पर मोटे अनाजों की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य की पूर्ति के लिए देशभर में लगभग 10.8 लाख टन मोटे अनाजों का उत्पादन किया जाना आवश्यक होगा। किसानों को प्रोत्साहित करने के लिए सरकार द्वारा मोटे अनाजों के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य भी निर्धारित किया जा रहा है, जिससे किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके।

मिलेट्स मिशन न केवल किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि यह आमजन के स्वास्थ्य, पोषण सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से भी अत्यंत उपयोगी सिद्ध हो रहा है।

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