मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के महिलाओं को लेकर दिए गए शराब संबंधी बयान का शिवसेना इस बयान का कड़ा विरोध करती है प्रदेश की सभी महिलाओं को शराबी कहना बेहद आपत्तिजनक के साथ प्रदेश की महिलाओं को अपमानित करने वाले बयान है, विवेक पांडे।

दिनांक 26/8/25 को 😡मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के महिलाओं को लेकर दिए गए शराब संबंधी बयान प्रदेश की महिलाओ को शराबी कहना बिलकुल उचित नहीं है। सत्ता मे बैठे लोगो के लिए भी एक राजनीतिक अवसर मिलता है कांग्रेस की इसी मानसिकता का परिणाम है जो आज प्रदेश ही नहीं पूरे देश में कांग्रेस को झेलना पड़ रहा
शिवसेना इस बयान का कड़ा विरोध करती है प्रदेश की सभी महिलाओं को शराबी कहना बेहद आपत्तिजनक है।
जहा तीज त्योहार के समय ऐसी टिप्पणी से माताओं-बहनों की भावनाएं आहत हुई हैं।
कांग्रेस के खिलाफ यह बयान उसकी सियासी मुश्किलें और बढ़ा सकता है।
वहीं, भाजपा भी महिलाओं से जुड़े बयानों और फैसलों पर पहले विवाद झेल चुकी है।
कभी भाजपा सरकार ने भी महिलाओं के लिए अलग शराब दुकान खोलने का प्रस्ताव दिया था।जहा कई प्रिंट खबरों में खबरे प्रकाशित हुई थी
दोनों दल आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति में उलझे रहते हैं। और इस घटिया राजनीति का शिकार सिर्फ आम जनता होती है इन्हे फालतू बयान बाजी कर राजनीति करने का अवसर मिलता है एक दूसरे पर और इसी बयान बाजी से इनकी घटिया राजनीति चलती है
शिवसेना प्रदेश उपाध्यक्ष ने कहा मेरा मानना है कि नशामुक्ति के लिए जमीनी स्तर पर काम जरूरी है, न कि बयानबाजी। ये सत्य है की दिनों दिन नशे का ग्राफ पूरे प्रदेश सहित देश में बढ़ता ही जा रहा वही अपने निजी फायदे के लिए सरकार भी इसको बढ़ावा दे रही इस पर लगाम लगाना जरूरी है