युवा मंच से उठी यूसीसी पर विचारों की गूंज
विद्यार्थियों ने तर्कों से रखा पक्ष-विपक्ष, जनसहभागिता पर कलेक्टर का जोर

प्राइड इंडिया न्यूज़ सीधी रिपोर्ट शाहिद खान
सीधी, 14 जून। समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को लेकर चल रहे जनजागरण अभियान के तहत सरस्वती उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मड़रिया में आयोजित वाद-विवाद प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने विषय के पक्ष और विपक्ष में प्रभावशाली तर्क प्रस्तुत किए। सामाजिक न्याय, महिला सशक्तिकरण, समान अधिकार और सांस्कृतिक विविधता जैसे मुद्दों पर हुई चर्चा ने कार्यक्रम को विचार-मंथन का सशक्त मंच बना दिया। विद्यार्थियों की तार्किक प्रस्तुति ने उनकी संवैधानिक समझ और समसामयिक विषयों के प्रति जागरूकता को भी रेखांकित किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कलेक्टर विकास मिश्रा ने कहा कि युवाओं को पाठ्यक्रम के साथ-साथ सामाजिक और संवैधानिक विषयों की भी गहरी समझ विकसित करनी चाहिए। उन्होंने समावेशी विकास, महिला सशक्तिकरण और सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण को समाज की प्रगति का आधार बताते हुए विद्यार्थियों को व्यापक दृष्टिकोण अपनाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि किसी भी महत्वपूर्ण नीति के निर्माण में सभी पक्षों का अध्ययन और जनसंवाद आवश्यक है।
कलेक्टर ने बताया कि मध्यप्रदेश शासन द्वारा गठित उच्च स्तरीय समिति यूसीसी के विभिन्न पहलुओं पर जनसुझाव एकत्र कर रही है। नागरिक, सामाजिक संगठन, शिक्षाविद, अधिवक्ता और जनप्रतिनिधि अपने सुझाव ऑनलाइन एवं डाक के माध्यम से भेज सकते हैं। उन्होंने जिलेवासियों से 22 जून तक अधिकाधिक सुझाव भेजने की अपील करते हुए कहा कि जनभागीदारी से ही न्यायपूर्ण, समावेशी और जनहितकारी व्यवस्था का निर्माण संभव है।