अवयस्क बालक के साथ अप्राकृतिक कृत्य करने वाले आरोपी को हुआ 20 वर्ष का सश्रम कारावास

इंदौर – जिला अभियोजन अधिकारी श्री संजीव श्रीवास्तव, ने बताया कि दिनांक 15.12.2023 को माननीय न्यायालय – तेरहवें अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायाधीश, (पॉक्सो एक्ट) श्रीमती सुरेखा मिश्रा, ने थाना हातोद, जिला इन्दौर के अपराध क्रमांक 18/2022 में निर्णय पारित करते हुए आरोपी संतोष, उम्र 28 वर्ष, निवासी – हातोद को धारा 5(एम)/6 पॉक्सो एक्ट में 20 वर्ष का कठोर कारावास व धारा 342 भा.दं.सं. में 01 वर्ष का कठोर कारावास व कुल जुर्माना 2000/- रुपये के अर्थदण्ड से दंडित किया। प्रकरण में अभियोजन की ओर से पैरवी विशेष लोक अभियोजक श्रीमती सुशीला राठौर एवं विशेष लोक अभियोजक श्रीमती अमिता जायसवाल द्वारा की गई।
नोट :- न्यायालय द्वारा पीडि़त बालक को 40,000/- रुपये राशि प्रतिकर स्वरूप दिलाये जाने की अनुशंसा की गई।
अभियोजन मामले अनुसार पीड़ित बालक द्वारा अपने पिता एवं गाँव के एक अन्य व्यक्ति के साथ दिनांक 18-01-2022 को पुलिस थाना हातोद, जिला इंदौर में उपस्थित होकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि दिनांक 17 जनवरी को शाम करीब 4 बजे वह गाँव में साइकिल चला रहा था। साइकिल में हवा कम थी, इसलिये वह गाँव के आरोपी के घर हवा भरने वाला पम्प लेने गया था, तो आरोपी ने पम्प देने के बहाने उसे कमरे में बुलाया और कमरे का दरवाजा बन्द कर अपने कपड़े उतारकर उसके साथ बुरा काम (दुष्कर्म) किया। वह चिल्लाया तो आरोपी बोला कि चिल्लाएगा तो रात भर यहीं बंद रखेगा। फिर शाम 06 बजे उसे आरोपी ने छोड़ा। उसने घर जाकर डर के कारण घर पर किसी को नहीं बताया व खाना खाकर सो गया। सुबह लेटरीन नहीं आई तो उसने अपनी मां को घटना बताई। पीड़ित बालक की रिपोर्ट पर से पुलिस थाना हातोद जिला इंदौर में अपराध क्रमांक 18/2022, धारा 377 भा.दं.सं. एवं धारा 3/4 पॉक्सो एक्ट अन्तर्गत प्रथम सूचना रिपोर्ट पंजीबद्ध की गई। सम्पूर्ण विवेचना उपरांत धारा 377, 342 भा.दं.सं. एवं धारा 3/4, 5(एम)/6 पॉक्सो एक्ट के अंतर्गत अभियोग पत्र अभियुक्त के विरुद्ध न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जिस पर से अभियुक्त को उक्त दण्ड से दण्डित किया गया।
पैरवीकर्ता जिला लोक अभियोजन अधिकारी जिला इंदौर (म.प्र.)