सूर्य विषुवत रेखा पर लंबवत, आज बराबर होंगे दिन और रात

उज्जैन । ग्रह मंडल में सूर्य गुरुवार को विषुवत रेखा पर लंबवत रहेंगे। इस घटना को शरद संपात कहा जाता है। इसके कारण गुरुवार को दिन व रात का समय बराबर अर्थात 12-12 घंटे का रहेगा। अगले दिन शुक्रवार से सूर्य दक्षिणी गोलार्द्ध में प्रवेश करेंगे। इससे आने वाले दिनों में दिन छोटे व रात बड़ी होना शुरू होगी। दिन और रात के बारबर होने की घटना को वेधशाला में शंकु व नाड़ी वलय यंत्र पर देखा जा सकेगा।
शासकीय जीवाजी वेधशाला के अधीक्षक डा.राजेंद्र प्रकाश गुप्त ने बताया सूर्य के विषुवत रेखा पर लंबवत होने के कारण गुरुवार को वेधशाला स्थित शंकु की छाया पूरे दिन सीधी रेखा (विषुवत) पर गमन करती हुई दिखाई देगी। इधर नाड़ी वलय यंत्र पर अब तक उत्तरी गोल भाग पर धूप दिखाई दे रही थी। लेकिन गुरुवार को उत्तरी तथा दक्षिणी किसी भी गोल भाग पर धूप दिखाई नहीं देगी। शुक्रवार 24 सितंबर से अगले छह माह तक नाड़ी वलय यंत्र के दक्षिणी गोल भाग पर धूप दिखाई देगी। सूर्य के गोलार्ध परिवर्तन को खगोल प्रेमी इन यंत्रों की सहायता से प्रत्यक्ष रूप से देख सकते हैं। अगर गुरुवार को मौसम साफ रहा और धूप खिली तो दिनभर यह घटना दिखाई देगी।