बड़खेरा पंचायत के स्टॉप डैम बने शोपीस! निर्माण के बाद भी नहीं लगे गेट, पानी संरक्षण पर उठे सवाल

जिला ब्यूरो मनोज कुमार यादव
शहपुरा/डिंडौरी। ग्राम पंचायत बड़खेड़ा में जल संरक्षण के उद्देश्य से बनाए गए स्टॉप डैमों की उपयोगिता पर सवाल खड़े होने लगे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद भी आज दिनांक तक घोघरा नाला एवं जम्हारिया नाला में निर्मित स्टॉप डैमों में गेट नहीं लगाए गए हैं, जिसके कारण इनमें पानी का उचित संचयन नहीं हो पा रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि दोनों स्थानों पर शासन की महत्वाकांक्षी जल संरक्षण योजनाओं के तहत स्टॉप डैमों का निर्माण कराया गया था, ताकि वर्षा जल का संग्रहण कर भू-जल स्तर बढ़ाया जा सके और किसानों को लाभ मिल सके। लेकिन निर्माण के बाद से ही इन स्टॉप डैमों में गेट लगाने की प्रक्रिया अधूरी छोड़ दी गई, जिससे योजना का उद्देश्य प्रभावित हो रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि शासन एवं प्रशासन द्वारा जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए “पानी बचाओ” अभियान चलाया गया था तथा स्टॉप डैमों के गेट बंद रखने और जल संग्रहण सुनिश्चित करने के निर्देश भी जारी किए गए थे। इसके बावजूद संबंधित जिम्मेदारों द्वारा इन निर्देशों की अनदेखी की जा रही है।
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि सरपंच, सचिव एवं संबंधित सप्लायरों की लापरवाही के कारण स्टॉप डैम अपनी पूरी क्षमता से कार्य नहीं कर पा रहे हैं। इससे जल संरक्षण की योजनाएं केवल कागजों तक सीमित होती दिखाई दे रही हैं।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मामले की जांच कर स्टॉप डैमों में शीघ्र गेट लगवाने तथा जिम्मेदार अधिकारियों एवं संबंधित पक्षों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।
अब देखने वाली बात यह होगी कि खबर के प्रकाशन के बाद प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेता है और जल संरक्षण की इस महत्वपूर्ण योजना को धरातल पर प्रभावी बनाने के लिए क्या कदम उठाता है।