सीधी में “ऑपरेशन FACE” का बड़ा खुलासा: फर्जी सिम एक्टिवेट करने वाला POS एजेंट गिरफ्तार
सीधी, 7 अप्रैल 2026।
जिले में साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कोतवाली पुलिस ने “ऑपरेशन FACE” (Facial Authentication & Compliance Enforcement) के अंतर्गत बड़ी कार्रवाई करते हुए एक शातिर जालसाज को गिरफ्तार किया है। आरोपी ग्राहकों के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर फर्जी तरीके से सिम एक्टिवेट कर रहा था।
पुलिस टीम की सतर्कता से खुला मामला
पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अरविन्द श्रीवास्तव एवं उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय अमन मिश्रा के मार्गदर्शन में तथा थाना प्रभारी अभिषेक उपाध्याय के नेतृत्व में यह कार्रवाई की गई। पुलिस मुख्यालय से मिले निर्देश और दूरसंचार विभाग (DoT) द्वारा उपलब्ध कराए गए संदिग्ध डेटा की जांच के बाद यह मामला सामने आया।
AI तकनीक से हुई पहचान
जांच में वर्ष 2023 के AI आधारित Facial Recognition Tool (ASTR) के जरिए ऐसे मोबाइल नंबर चिन्हित किए गए, जो एक ही चेहरे के आधार पर 50 से अधिक अलग-अलग नाम और पते पर एक्टिवेट किए गए थे। साइबर सेल की रिपोर्ट और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर पुलिस ने आरोपी को चिन्हित कर गिरफ्तार किया।
ऐसे करता था ठगी का खेल
गिरफ्तार आरोपी देवेन्द्र प्रजापति (30 वर्ष), निवासी ग्राम रामगढ़ नंबर 02, एक POS (Point of Sale) एजेंट है। वह अपनी दुकान पर आने वाले ग्राहकों के आधार कार्ड और अन्य पहचान पत्रों की फोटोकॉपी रख लेता था और बाद में उन्हीं दस्तावेजों पर अपनी फोटो लगाकर फर्जी सिम एक्टिवेट कर लेता था।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मामला
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ थाना कोतवाली में धारा 420 (भा.दं.वि./बी.एन.एस), दूरसंचार अधिनियम 2023 की धारा 42(3)(e), 42(6) एवं आईटी एक्ट की धारा 66(C) के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
⚠️ पुलिस की साइबर एडवायजरी
सिम खरीदते समय केवल अधिकृत विक्रेताओं से ही लें।
अपने आधार पर कितनी सिम चालू हैं, इसकी जांच https://sancharsaathi.gov.in/� पर करें।
किसी भी साइबर अपराध की सूचना तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर दें।
पुलिस ने आमजन से सतर्क रहने और व्यक्तिगत दस्तावेजों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील की है।