*”चार साल पैदल, अब गाड़ी से — सिहावल की जनता ने आखिर पार किया ‘विकास का पुल’!”*

सीधी, बहरी- अमिलिया मार्ग से विशेष रिपोर्ट- प्राइड इंडिया न्यूज़
पुराने पुल की जर्जर हालत और हर दिन बढ़ते खतरे ने आखिर लोगों को मजबूर कर दिया कि वे खुद ही नए पुल से आवाजाही शुरू करें। धीरे-धीरे दोपहिया से लेकर भारी वाहन तक इसी मार्ग से गुजरने लगे। 75 साल पुराने टूटे पुल से अब जनता को राहत मिली है — लेकिन सवाल अब भी कायम है कि क्या प्रशासन जनता से पीछे रह गया?
वहीं क्षेत्र के विधायक विश्वामित्र पाठक और सांसद डा.राजेश मिश्रा ने औपचारिक रूप से पुल का फीता काटकर उद्घाटन किया और इसे जनता को समर्पित किया। सोन नदी पर बना यह डबल लाइन नवनिर्मित पुल न केवल विकास की नई रेखा है, बल्कि वर्षों की उपेक्षा और संघर्ष की कहानी भी कहता है —
“मैं पुल नहीं, जनता की अनदेखी का 75 साल पुराना सबूत हूं।”