जांजगीर-चांपा में न्याय एवं अधिकार समिति के प्रथम जिलाध्यक्ष बने डॉ. अविनाश सिंह राठौड़

जांजगीर-चांपा (छत्तीसगढ़)। अधिवक्ता एवं अखिल भारतीय अधिवक्ता फोरम के सदस्य डॉ. अविनाश सिंह राठौड़ को न्याय एवं अधिकार समिति का जांजगीर-चांपा जिले का प्रथम जिलाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. ज्ञान प्रकाश द्वारा की गई।
डॉ. राठौड़ लंबे समय से कानून, शिक्षा और सामाजिक क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाते रहे हैं। उनकी नियुक्ति को लेकर जिले में हर्ष का माहौल है और विभिन्न सामाजिक संगठनों, मित्रों व परिजनों ने उन्हें शुभकामनाएं दी हैं।
डॉ. राठौड़ ने कहा कि वे न्याय एवं अधिकार समिति के माध्यम से गांव-गांव जाकर लोगों को विधिक अधिकार, कर्तव्य, मानवाधिकार, न्यायिक प्रणाली और सरकारी योजनाओं की जानकारी देंगे। साथ ही महिला सशक्तिकरण, बाल अधिकार, शिक्षा का अधिकार, जातीय भेदभाव, बाल श्रम उन्मूलन और आत्मरक्षा जैसे विषयों पर व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि समिति के तहत जरूरतमंद और पीड़ित वर्गों को निशुल्क या किफायती कानूनी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। मानवाधिकार हनन के मामलों में संबंधित अधिकारियों से समन्वय कर पीड़ितों को न्याय दिलाने का प्रयास किया जाएगा। इसके अलावा जिला, तहसील और विकासखंड स्तर पर प्रशिक्षण, कार्यशालाएं और जनसभाएं आयोजित कर लोगों को जागरूक किया जाएगा।
न्याय एवं अधिकार समिति एक राष्ट्रीय स्तर की सामाजिक संस्था है, जो समाज में न्याय, समानता और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए कार्यरत है। संस्था का मुख्य उद्देश्य कमजोर वर्गों को सशक्त बनाना, भ्रष्टाचार के खिलाफ जागरूकता फैलाना, सरकारी योजनाओं का लाभ आम जनता तक पहुंचाना और समाज में पारदर्शिता स्थापित करना है।
डॉ. राठौड़ की इस नियुक्ति से जिले में सामाजिक न्याय और जनजागरूकता को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।