महा-आयोजन: पांढुरना में गीता जयंती उत्सव, 1600 लोग एक साथ करेंगे ‘कर्म’ की शिक्षा का पाठ!

संवाददाता- निलेश कलसकर जिला ब्युरो जिला पांढुरना
पांढुरना। जिले में एक अभूतपूर्व धार्मिक आयोजन होने जा रहा है। अंतर्राष्ट्रीय गीता जयंती उत्सव के अवसर पर 1 दिसंबर को त्यती स्मृती भवन पांढुरना में होने वाले मुख्य कार्यक्रम में 1100 श्रद्धालु एक साथ श्रीमद्भगवद्गीता के 15वें अध्याय का सामूहिक पाठ करेंगे।
यह केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि भगवत गीता की शाश्वत शिक्षाओं को जन-जन तक पहुंचाने का एक विराट प्रयास है।
मुख्य आकर्षण:
1600 कंठों का महा-पाठ: जिला स्तर पर 1100 और सभी ब्लॉकों में 500 पाठक मिलकर ‘योगेश्वर श्री कृष्ण’ के उपदेश को एक ही समय में दोहराएंगे।
प्रशासनिक पहल: कलेक्टर श्री वशिष्ठ की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस आयोजन को भव्य रूप देने की रूपरेखा को अंतिम रूप दिया गया।
पुस्तक और ज्ञान की प्रदर्शनी: संस्कृति विभाग द्वारा प्रकाशित श्रीमद्भगवद्गीता पर केंद्रित दुर्लभ पुस्तकों का वितरण किया जाएगा। साथ ही, भगवान श्रीकृष्ण के चित्रों की एक विशेष प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी, जो दर्शकों को ज्ञान मार्ग पर प्रेरित करेगी।
सामुदायिक भागीदारी: गीता प्रतिष्ठानम के रवि हिवरे ने बताया कि इस उत्सव में सभी शासकीय, अशासकीय मंदिरों, गोपालक संस्थाओं और सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई है।
मुख्य अनुविभागीय अधिकारी अल्का इक्का ने बताया कि यह आयोजन शासन के निर्देशानुसार हो रहा है, जिसका उद्देश्य गीता के संदेशों को समाज में स्थापित करना है।
दिसंबर की पहली तारीख को पांढुरना में आस्था, ज्ञान और संस्कृति का यह महासंगम देखने लायक होगा!