सीधी जिले के किसानों के लिए मील का पत्थर: पीएम धन धान्य कृषि योजना का उद्घाटन*

प्राइड इंडिया न्यूज़ सीधी से शाहिद खान
प्रधानमंत्री ने किया पीएम धन धान्य कृषि योजना और दलहन आत्मनिर्भरता मिशन का शुभारंभ
कृषि अवसंरचना कोष, पशुपालन, मत्स्य पालन और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र की 1100 से अधिक परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास
सीधी जिले के विकास में मील का पत्थर साबित होगी पीएम धन धान्य कृषि योजना – सांसद डॉ राजेश मिश्रा
किसानों की आत्मनिर्भरता से ही साकार होगा विकसित भारत का सपना – विधायक सीधी श्रीमती रीती पाठक
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नई दिल्ली स्थित राष्ट्रीय कृषि विज्ञान परिसर, पूसा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान देश के किसान भाई-बहनों को 42,000 करोड़ रुपये से अधिक की कृषि परियोजनाओं का उपहार दिया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने पीएम धन धान्य कृषि योजना, दलहन आत्मनिर्भरता मिशन तथा राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन का शुभारंभ किया। साथ ही उन्होंने कृषि अवसंरचना कोष, पशुपालन, मत्स्य पालन और खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र की 1100 से अधिक परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन अटल ऑडिटोरियम सीधी में किया गया, जिसमें सांसद डॉ. राजेश मिश्रा मुख्य अतिथि, विधायक सीधी श्रीमती रीती पाठक अध्यक्षता तथा जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मंजू सिंह विशिष्ट अतिथि रहीं।
सांसद डॉ. राजेश मिश्रा ने अपने उद्बोधन में सीधी जिले को पीएम धन धान्य कृषि योजना के लिए देश के 100 जिलों में शामिल किए जाने पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय कृषि मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह योजना सीधी जिले के सर्वांगीण विकास में मील का पत्थर साबित होगी। जिले की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर आधारित है कृ इस योजना से कृषि क्षेत्र में उत्पादन, उत्पादकता और रोजगार के नए अवसर बढ़ेंगे, जिससे किसान खुशहाल और आत्मनिर्भर बनेगा।
सांसद ने किसानों से केमिकल आधारित खेती छोड़कर प्राकृतिक एवं जैविक खेती अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि रासायनिक खाद और कीटनाशकों के अत्यधिक प्रयोग से मिट्टी की उर्वरा शक्ति घटती है, जल स्रोत प्रदूषित होते हैं, और फसलों की पौष्टिकता में कमी आती है। इसके विपरीत, प्राकृतिक खेती से मिट्टी की गुणवत्ता में सुधार, पानी की बचत, फसल की दीर्घकालीन उत्पादकता, तथा किसानों की आय में स्थायित्व आता है। सांसद ने अधिकारियों को योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार एवं प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश भी दिए।
विधायक श्रीमती रीती पाठक ने अपने उद्बोधन में कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी सदैव किसानों की चिंता करते हैं। उनका विश्वास है कि भारत को 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने का सपना तभी साकार होगा जब देश का किसान आत्मनिर्भर और समृद्ध होगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जी ने किसानों के कल्याण और कृषि के आधुनिकीकरण के लिए अनेक ऐतिहासिक पहलें की हैं। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, मृदा स्वास्थ्य कार्ड, एग्री-इन्फ्रा फंड, और नमो ड्रोन दीदी योजना जैसी योजनाओं ने किसानों के जीवन को सहज बनाने के साथ-साथ उन्हें तकनीकी रूप से सशक्त और आर्थिक रूप से मजबूत किया है।
विधायक ने कहा कि सरकार की ये योजनाएँ केवल सहायता नहीं हैं, बल्कि किसानों को उत्पादक से उद्यमी बनाने की दिशा में बड़ा कदम हैं। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे इन योजनाओं का लाभ लेकर नवाचार और आधुनिक तकनीक से जुड़ें ताकि सीधी जिला कृषि आत्मनिर्भरता का मॉडल बन सके।
उपसंचालक कृषि श्री राजेश सिंह चौहान ने योजना के उद्देश्यों एवं क्रियान्वयन रणनीति की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना का उद्देश्य कृषि उत्पादकता में वृद्धि, फसल विविधीकरण और टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाना, पंचायत और ब्लॉक स्तर पर फसलोत्तर भंडारण क्षमता में वृद्धि, सिंचाई सुविधाओं में सुधार और चयनित 100 जिलों में दीर्घकालिक और अल्पकालिक ऋण की उपलब्धता को सुगम बनाना है। उन्होंने बताया कि इस योजना में सीधी जिले को भी चयनित किया गया है। आभार प्रदर्शन कृषि वैज्ञानिक डॉ. अलका सिंह ने किया तथा मंच संचालन वीरेंद्र सिंह द्वारा किया गया। इस अवसर पर संबंधित विभागों द्वारा प्रदर्शनी लगाकर किसान भाइयों को शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई।
इस अवसर पर अपर कलेक्टर बी.पी. पाण्डेय, उपखंड अधिकारी गोपद बनास राकेश शुक्ला, समाजसेवी डॉ. देवेंद्र त्रिपाठी, भानु पाण्डेय, अखिलेश पाण्डेय, सूर्य प्रताप सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।