पारिवारिक विवाद में बीच-बचाव में धारदार चाकू से हमला कर मृत्यु कारित करने पर आरोपी विनय मेहता को हुआ आजीवन कारावास

माननीय न्यायालय सोलहवां अपर सत्र न्यायाधीश, जबलपुर श्री अरूण प्रताप सिंह के द्वारा पारित निर्णय दिनांक 16.08.2023, थाना अधारताल के अप0 क्रं. 81/2020 व विशेष सत्र(एसटी) प्रकरण क्रमांक 222/2020 के प्रकरण में आरोपी विनय मेहता को अंतर्गत धारा 302 भादस के अपराध में आजीवन कारावास एवं 1000 रू अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।
घटना संक्षेप में इस प्रकार है कि थाना अधारताल में अनंत अस्पताल मे विवाद के दौरान घायल होकर भर्ती अशोक वर्मा की ईलाज के दौरान मृत्यु होने की सूचना अस्पताल द्वारा दिये जाने पर उपनिरीक्षक एफ.एस. उईके ने मर्ग क्रमांक 03/2020 धारा 174 जा.फौ. में अनंत अस्पताल जाकर मर्ग किया गया। मर्ग जांच में मृत के पुत्र यश वर्मा, मीना वर्मा व राजेन्द्र कुमार सोनी से पूछताछ कर कथन लेख किया, जिसमें उन्होने बताया कि दिनांक 24.01.2020 को मृतक अशोक वर्मा के साथ न्यू कंचनपुर अपनी बहू नेहा वर्मा तथा लडके हितेश वर्मा की पुत्री मेहर 09 माह की तबियत खराब होने की जानकारी मिलने पर 7.30 बजे रात्रि में गये, जहां विनय मेहता, विवेक मेहता एवं हितेश वर्मा, बहू नेहा वर्मा व नातिन मेहर से मिले। थोडी देर बाद विनय मेहता द्वारा पारिवारिक बातो को लेकर कहा कि उसकी बेटी की अच्छे से देखभाल नहीं करते हो। तुम लोग नहीं समझते कहकर विवेक मेहता एवं विनय मेहता गाली-गलौच कर लडाई-झगडा कर हाथा-पाई करने लगे। इसी बीच घर से बाहर निकल कर रोड पर आने पर विनय मेहता अपने हाथ में चाकू लिया था तथा विवेक तलवार जैसी चीज रखा था। लडका हितेश वर्मा व यश वर्मा समझाने गये, तो लडाई-झगडा एवं हाथा-पाई करने लगे, चिल्लाने पर अशोक वर्मा बीच-बचाव करने गया, तो विवेक मेहता हाथा-पाई किया तथा विनय मेहता ने चाकू से मारा, जो अशोक वर्मा के दाहिने पैर में जांघ में घुटने के उपर पीछे तरफ चोट लगने से खून बहने लगा, उसे कार मे बैठाकर तत्काल अस्पताल ले गए। ईलाज के दौरान दिनांक 25.01.2020 को अशोक वर्मा की मृत्यु हो गई। उक्त मर्ग जांच के आधार पर थाना अधारताल में अभियुक्तगण के विरूद्ध अपराध क्रं. 81/2020 अंतर्गत धारा 302/34 भादस पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया जिसकी विवेचना निरीक्षक जियाउल हक व उपनिरीक्षक फग्गन सिंह द्वारा कर संपूर्ण विवेचना उपरांत अभियोग पत्र माननीय के समक्ष प्रस्तुत किया गया जिसमें माननीय न्यायालय द्वारा विचारण पूर्ण कर आरोपी विनय मेहता के विरूद्ध दोषसिद्धि का निर्णय पारित किया गया। प्रकरण में अभियोजन की ओर से मौखिक एवं लिखित तर्क प्रस्तुत किया गया। उप-संचालक(अभियोजन) श्री विजय कुमार उईके के मार्गदर्शन में जिला लोक अभियोजन अधिकारी श्री अजय कुमार जैन एवं विशेष लोक अभियोजक श्री कृष्णगोपाल तिवारी द्वारा उक्त मामले में सशक्त पैरवी की गई।
माननीय न्यायालय सोलहवां अपर सत्र न्यायाधीश, जबलपुर श्री अरूण प्रताप सिंह के द्वारा पारित निर्णय दिनांक 16.08.2023, थाना अधारताल के अप0 क्रं. 81/2020 व विशेष सत्र(एसटी) प्रकरण क्रमांक 222/2020 के प्रकरण में आरोपी विनय मेहता को अंतर्गत धारा 302 भादस के अपराध में आजीवन कारावास एवं 1000 रू अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।
भगवत उईके
मीडिया सेल प्रभारी/सहायक
जिला लोक अभियोजन अधिकारी
जिला – जबलपुर म0प्र0